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शनिवार, 16 मई 2020

सवाल - जवाब

सवाल - जवाब

इन प्रश्नों के ऐसे उत्तर होने चाहिए।

क्यों?

क्यों नहीं।

कैसे?

ऐसे य चाहे जैसे।

क्या?

यही सब य आप बताएं।

कब?

तुरन्त।

कहॉ?

यहीं य कहीं भी।

कौन?

आप, मैं, हम सब।

नहीं?

हाँ,हाँ,हाँ।

बुधवार, 15 अप्रैल 2020

बाली लोक कथालोक

बाली (लोक कथालोक)

त्रेता युग में राम जब अपनी जानकी की पतासाजी करते हुए सुग्रीव के पास पहुंचते है। तब सुग्रीव अपने और भाई बालि के संबंधों के बारे में पूरी सच्चाई बताते है तब राम ओट में छिपकर सुग्रीव और बालि के छद्मयुध्य में बाली को अपने बाण से घायल कर देते है। बालि राम से छुपा कर मारने का कारण पूँछता है तब राम नैतिकता का सार बताते है और मृत्यु को प्राप्त होते बालि को वरदान देते है कि दुनिया में तुम्हारा नाम अमर रहेगा तुम में अपने विरोधी योद्धा की आधी शक्ति तुम सोख लेते हो इस गुन से ही तुम अनाज के पौधे में सारे अनाज को पुष्पित पल्लवित और विकसित करके अन्न बनाकर उसे मजबूत कवच में सुरक्षित करोगे, जिसका नाम बालि होगा।

बाली अनाज को कई गुणा बना देता है।

मंगलवार, 24 दिसंबर 2019

रंगमंच के फायदे, रंगमंचीय पर्यटन

ब्रिटिश मेडिकल जर्नल के क्रिसमस संस्करण में प्रकाशित किया गया है जो इन्सान प्रत्येक महीने में रंगमचीय प्रस्तुतियों को देखता है वह सामान्य से ज्यादा स्वस्थ रहता है| समान्य से ज्यादा सुकून में रहता है| रोगों और व्याधियों का खतरा कम होता, मन प्रफुल्लित और सकारत्मक उर्जा से भरा रहता है| रंगमंचीय प्रस्तुतियों में नाटक, नृत्य, गायन, वादन, जादू, सर्कस, पारिवारिक फिल्में आदि विधाओं को शामिल किया गया था| 

शोध में रंगमंचीय प्रस्तुतियों के साथ ही कला संग्रहालयों को भी शामिल किया गया है| इन संग्रहालयों में मनुष्य तस्वीरों को देखता है रंगों को देखता है| रेखाओं को देखता है| संरचना को देखता है भावों पर विचार करता है इससे दिमाग़ संतुलित होता है उसमें सोचने, समझने और समझाने की प्रवृत्ति भी उभरती है|

यूनिवर्सिटी कालेज लन्दन के शोधकर्ताओं ने दावा किया है कि आप यदि लम्बी ज़िन्दगी जीना चाहते है| तो इसके लिए आपको महीने में एक बार सभागारों, संग्रहालयों, आर्ट गैलरियों, सिनेमाघरों में घूमने जाना चाहिए| शोधकर्ताओं ने 50 वर्ष से अधिक उम्र के लगभग 7000 वयस्क व्यक्तियों के सेहद पर लगातार 12 वर्ष तक यह शोध किया है| और पाया कि जो लोग रंगमंच की किसी भी विधा को लगातार देखते रहते है और उन्हें पसंद करते रहते है उन्हें देखने जाते रहते है| उनकी जल्दी मृत्यु के जोखिम में 31 प्रतिशत की कटौती हो जाती है| इस शोध में लन्दन के शोधकर्ताओं ने दावा किया गया है| कि हर महीने एक बार रंगमंच देखने से किसी भी व्यक्ति की जल्दी मौत होने का खतरा कम हो जाता है| शोधकर्ताओं ने पाया कि कला से जुड़े लोगों की मृत्यु की संभावना में 14 प्रतिशत की कमी थी| शोध में ऐसे साक्ष्य मिले है कि जो लोग कला से जुड़े रहे, चाहे वे तस्वीरों की तारीफ ही कर रहे है| परन्तु उनके स्वस्थ को लाभ पहुंचा है| शोधकर्ताओं ने कहा कि महीने में सिर्फ एक बार भी थियेटर जाने से व्यक्ति के मानसिक स्वस्थ में सुधार हो सकता है| और रंगमंच व्यक्ति के शारीरिक गतिविधियों को भी प्रोत्साहित कर सकती है| हालांकि मानसिक स्वास्थ्य और शारीरिक गतिविधियों को विशेष ध्यान में रखते हुए आर्ट गैलरी को लम्बी उम्र के साथ जोड़ कर शोध किया गया| शोध के लेखक डॉक्टर डेजी फैन्कोर्ट ने कहा की इस बात के लिए अभी और परीक्षण करने की जरूरत है कि रंगमंच में जाने से जल्दी होने वाली मौतों को कैसे रोका जा सकता है| डॉक्टर डेजी फैन्कोर्ट ने प्रतिभागियों को औसतन 12 वर्ष तक देखा और इस नतीजे तक पहुंची|

गुरुवार, 22 नवंबर 2018

क्यों

क्यों साथ नहीं चलता तुम्हारे?
तुम्हारे पीछे चलती है जनता
मैं
इंसानों के साथ रहता हूँ